श्राद्ध पक्ष में कौवे गाय और कुत्ते को भोजन करने का महत्व.
** *श्राद्ध में कौवे ने नहीं लगाया भोग तो क्या करें, जानें गाय, कौआ, कुत्ते को भोजन कराने एवं पंचबलि भोग का महत्व। श्राद्ध पक्ष में पितरों को प्रसन्न करने और उनका आशीर्वाद पाने के लिए तरह-तरह के उपाय किए जाते हैं, और इन सब में जरूरी होता है, श्राद्ध पक्ष में पितरों को भोजन अर्पित करने के लिए कौवे को भोग लगाना, लेकिन अगर कौवा ने भोग ही नहीं लगाया तो, फिर क्या करें? हिंदू धर्म में पितृपक्ष का समय बहुत ही महत्वपूर्ण माना गया है, इस दौरान अपने पितरों की आत्मा की शांति और उनके आशीर्वाद की प्राप्ति के लिए श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान किए जाते हैं, शास्त्रों में वर्णन मिलता है कि, श्राद्ध का भोजन सबसे पहले कौवे को अर्पित करना चाहिए। क्योंकि कौवा पितरों का दूत माना गया है, लेकिन कई बार ऐसा होता है कि, श्राद्ध वाले दिन घर के आंगन या छत पर कौवे दिखाई नहीं देते, ऐसे में सवाल उठता है कि, अगर कौवा न मिलें, या कौवे भोजन ग्रहण नहीं करें तो, पितरों का भोजन किसे अर्पित किया जाए? कौवा भोग न लगाएं तो क्या करें? अगर श्राद्ध के दिन आप कौवे को भोजन ग्रहण न करा पाएं तो, आप कौवे के हिस्से का भोजन गाय या कुत...